आलीराजपुर 4 जून, 2026 |
निमाड़ दस्तक न्यूज़ (रफीक कुरैशी – ब्यूरो रिपोर्ट) ✍️
आलीराजपुर कोतवाली पुलिस ने तत्परता दिखाते हुए नकली सोने के बिस्किट बेचकर लाखों रुपये की धोखाधड़ी करने वाले एक शातिर अंतरजिला गिरोह का भंडाफोड़ किया है। पुलिस ने मामले में त्वरित कार्रवाई करते हुए एक महिला सहित तीन आरोपियों को धरदबोचा है, जिनके कब्जे से ठगी की नकद राशि, नकली बिस्किट और तौलने वाली मशीन बरामद की गई है।
वन रक्षक को जाल में फंसाकर की ठगी
पुलिस अधीक्षक रघुवंशसिंह भदौरिया ने मामले का खुलासा करते हुए बताया कि 2 जून को फरियादी बापू सिंह (32) पिता धनसिंह बघेल, निवासी चमारबेगड़ा (हाल मुकाम तालाब फलिया, आलीराजपुर) ने रिपोर्ट दर्ज कराई थी। फरियादी उमराली/सोंडवा वन परिक्षेत्र में वन रक्षक के पद पर पदस्थ है। वृक्षारोपण कार्य के दौरान उसकी मुलाकात झाबुआ निवासी दीवान नामक व्यक्ति से हुई थी।
दीवान ने बापू सिंह को झांसा दिया कि उसके दोस्त राकेश बिलवाल को सूरत में मजदूरी के दौरान एक पुराने मकान की खुदाई में सोने के बिस्किट मिले हैं, जिन्हें वह पैसों की सख्त जरूरत होने के कारण सस्ते में बेचना चाहता है। दीवान के बार-बार फोन करने पर फरियादी उसके झांसे में आ गया।
‘777’ नंबर उकेरे नकली बिस्किट थमाए और ले उड़े ₹2.90 लाख
बीते 26 मई को दीवान ने कॉल कर फरियादी को आंबुआ रोड उंडवा फाटे के पास बुलाया। वहां राकेश बिलवाल उर्फ रामलाल जामनिया और एक महिला पहुंचे। उन्होंने दीवान का हवाला देकर चौकोर आकार के दो बिस्किट, जिन पर ‘777’ नंबर उकेरा हुआ था, फरियादी को सौंप दिए और बदले में 2,90,000 रुपये नगद ले लिए। इसके बाद जब वन रक्षक ने उन बिस्किटों को सुनार की दुकान पर ले जाकर चेक कराया, तो वे पूरी तरह नकली निकले। ठगे जाने का अहसास होने पर पीड़ित ने तत्काल पुलिस की शरण ली।
पुलिस की ताबड़तोड़ दबिश; धार और झाबुआ से दबोचे गए आरोपी
मामले की गंभीरता को देखते हुए एसपी के निर्देश और अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक प्रदीप पटेल व एसडीओपी आलीराजपुर के मार्गदर्शन में कोतवाली थाना प्रभारी सोनू सिटोले के नेतृत्व में एक विशेष टीम गठित की गई। पुलिस टीम ने साइबर सेल की मदद और तकनीकी साक्ष्यों के आधार पर आरोपियों के ठिकानों का पता लगाया। पुलिस ने धार जिले के सरदारपुर और झाबुआ जिले के कालीदेवी व राणापुर क्षेत्र के गांवों में एक साथ दबिश देकर तीन आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया:
- राकेश पिता रमेश बिलवाल (उम्र 25 वर्ष) – निवासी ग्राम पीपली, थाना कालीदेवी
- पांगलीबाई पति राकेश बिलवाल (उम्र 34 वर्ष) – निवासी ग्राम पीपली, थाना कालीदेवी
- कालू पिता रामचंद्र वसुनिया (उम्र 53 वर्ष) – निवासी ग्राम छापरी, थाना राणापुर
पुलिस ने आरोपियों के पास से ठगी के 70,000 रुपये नगद, सोने जैसे दिखने वाले 2 नकली बिस्किट और एक वेट (तौल) मशीन जब्त की है। पुलिस ने आरोपियों के खिलाफ अपराध क्रमांक 252/2026 पर भारतीय न्याय संहिता (BNS) की धारा 318(4) के तहत मामला दर्ज कर जांच शुरू कर दी है।
सराहनीय भूमिका
इस अंधी ठगी का चंद घंटों में पर्दाफाश करने में कोतवाली थाना प्रभारी सोनू सिटोले, उपनिरीक्षक सुनील रन्दे, सहायक उपनिरीक्षक अरुण कुमार राठौर, लक्ष्मण देवड़ा, राजकुमार यादव, प्रधान आरक्षक फूंदी चौहान, सुनील डुडवे, दिनेश भवेल, आरक्षक सुमित चौहान, गंगाराम सोलंकी, महिला आरक्षक रेखा गामड़ और साइबर सेल के आरक्षक नागरसिंह सोलंकी का सराहनीय योगदान रहा।





